साइबर क्राइम का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां क्रिप्टो करेंसी में निवेश के नाम पर लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी की गई। इस मामले में एसटीएफ ने गिरोह के सरगना को Saharanpur से गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान जितेंद्र राम के रूप में हुई है, जो हरियाणा के Yamunanagar जिले का निवासी बताया जा रहा है। उसके खिलाफ Ghaziabad के मसूरी थाने में पहले से एफआईआर दर्ज थी और पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी।
🔍 ऐसे हुआ खुलासा
एसटीएफ को सूचना मिली थी कि एक संगठित गिरोह क्रिप्टो करेंसी में निवेश के नाम पर लोगों को ठग रहा है। जांच के दौरान करोड़ों रुपये के संदिग्ध लेनदेन सामने आए, जिसके बाद मामले की गहन जांच शुरू की गई।
जांच में पता चला कि यह एक बड़ा नेटवर्क है, जिसका संचालन जितेंद्र राम कर रहा था। वह लोगों को कम समय में दोगुना-तीन गुना मुनाफा देने का लालच देकर अपने जाल में फंसाता था।
🚔 ऐसे पकड़ा गया सरगना
पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी सहारनपुर के दिल्ली रोड स्थित एक इलाके में मौजूद है। इसके बाद टीम ने योजना बनाकर मौके पर छापा मारा और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में सामने आया कि इस गिरोह में मोहित राणा, गौरव सिंह और गीता हाजिर समेत कई लोग शामिल हैं, जो अलग-अलग जगहों पर नेटवर्क संभालते थे।
💻 ऐसे करते थे ठगी
यह गिरोह अलग-अलग राज्यों में अपने एजेंट बनाकर काम करता था। इंटरनेट के जरिए जुड़े ये एजेंट लोगों को फर्जी प्लेटफॉर्म के माध्यम से क्रिप्टो निवेश के लिए तैयार करते थे।
- “दोगुना-तीन गुना रिटर्न” का झांसा दिया जाता था
- शुरुआत में कुछ लोगों को मुनाफा देकर भरोसा जीता जाता था
- बाद में बड़े निवेश कराकर रकम हड़प ली जाती थी
⚠️ कई राज्यों में फैला नेटवर्क
यह गिरोह एनसीआर, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कई जिलों में सक्रिय था और सैकड़ों लोगों को अपना शिकार बना चुका है।

